रायगढ़, 31 जुलाई। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले से एक चौंकाने वाली चोरी की खबर सामने आई है, जहां त्योहार की खुशियां मनाकर लौटे एक मेहनतकश परिवार के अरमानों पर चोरों ने पानी फेर दिया। खरसिया थाना इलाके के सरवानी गांव में रहने वाले गजानंद सिदार अपने पूरे परिवार के साथ ससुराल रथयात्रा का आनंद लेने गए थे। लेकिन जब वह वापस लौटे तो उनके घर के दरवाजे का ताला टूटा पड़ा था और भीतर रखा सारा कीमती सामान गायब हो चुका था।
रथयात्रा की खुशी में शामिल होने गया था परिवार
सरवानी गांव के रहने वाले गजानंद सिदार मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालते हैं। बीते 28 जुलाई को दोपहर करीब साढ़े तीन बजे वह अपनी पत्नी और बच्चों को लेकर कोटमी सोनार स्थित अपने ससुराल गए हुए थे। मौका रथयात्रा के पावन पर्व का था, इसलिए पूरा परिवार हंसी-खुशी के माहौल में शामिल होने घर में ताला लगाकर निकला था। परिवार को अंदाज़ा भी नहीं था कि उनके जाने के बाद चोर उनके आशियाने को अपना निशाना बना लेंगे।
सुबह पड़ोसी का फोन आते ही उड़े होश
दो दिनों तक ससुराल में रहने के बाद 30 जुलाई की अलसुबह गजानंद के पास उनके मोहल्ले वालों का अचानक फोन आया। पड़ोसियों ने बताया कि उनके मकान के मुख्य द्वार का ताला टूटा हुआ है और कुंडी बिखरी पड़ी है। यह सुनते ही गजानंद के पांव तले जमीन खिसक गई। वह बिना कोई देर किए तुरंत अपने गांव सरवानी पहुंचे। घर के भीतर कदम रखते ही जो नजारा दिखा, उसने पूरे परिवार की कमर तोड़कर रख दी।
अलमारी का लॉकर टूटा और बाइक गायब
घर के अंदर कमरे का दरवाजा खुला हुआ था और अलमारी का ताला टूटा पड़ा था। अलमारी में संभाल कर रखे गए 60 हजार रुपये नकद गायब थे। इतना ही नहीं, चोरों की नीयत इतने पर ही नहीं रुकी; घर के भीतर खड़ी काले और भूरे रंग की पैशन प्रो मोटरसाइकिल भी गायब थी। पीड़ित ने तुरंत आसपास के लोगों से पूछताछ की और अपनी गाड़ी की तलाश शुरू की, लेकिन काफी खोजबीन के बाद भी ना तो बाइक का कोई पता चला और ना ही चोरी गए पैसों का।
खरसिया थाने में एफआईआर दर्ज, जांच शुरू
घटित घटना के बाद पीड़ित गजानंद सिदार ने खरसिया थाना पहुंचकर पुलिस को अपनी आपबीती सुनाई और लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अज्ञात चोर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 305(क) और 331(4) के तहत अपराध कायम कर लिया है।























