रायगढ़। खरसिया नगर पालिका और भ्रष्टाचार का चोलीदामन का साथ है। कोई भी पार्टी काबिज हो, भ्रष्टाचार कम नहीं होता। अब डेढ़ करोड़ की लागत से बन रही नाली का घटिया निर्माण सामने आया है। महज 15 मिनट की बारिश में नाली ढह गई है। स्थानीय लोगों ने जांच करते हुए ठेकेदार पर कार्रवाई की मांग की है। वर्ष 2024 में खरसिया नगरपालिका क्षेत्र में दो महत्वपूर्ण नालियों के निर्माण की मंजूरी दी गई थी। बस स्टैण्ड से बंधवा ताला तक नाला निर्माण के लिए 1.52 करोड़ और राठौर चौक से महात्मा गांधी चौक तक नाला निर्माण के लिए 1.33 करोड़ की मंजूरी दी गई थी।
वर्तमान में इसका काम चल रहा है। इसका ठेका संतोष एंड सन्स को मिला है। मंगलवार को थोड़ी देर की बारिश में नाली ढह गई। करीब 200 मीटर नाली की दीवार धसक गई है। इसमें सरिया मानकों के अनुसार नहीं डाला गया था। इसके बिना ही नाली का निर्माण कर लिया गया इसलिए नहीं टिक सकी। मूसलाधार बरसात में इसका क्या हाल होता। सोनू अग्रवाल महामंत्री ब्लॉक कांग्रेस कमेटी और राजेश्वर राठौर ने नाली निर्माण की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है।
गुणवत्ताहीन निर्माण करने वाले ठेकेदार और प्रमाणित करने वाले सब इंजीनियर पर भी सवाल उठ रहे हैं। घटिया काम करेने के बावजूद नगर पालिका से भुगतान किया जाता रहा। 23 फरवरी 2026 को मोहल्लेवासियों ने नाला निर्माण में भ्रष्टाचार को लेकर शिकायत की थी। इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई, उल्टा ठेकेदार को भुगतान किया गया। थोड़ी सी बारिश में नाली का धसक जाना गुणवत्ताहीन निर्माण को प्रमाणित करता है। संतोष एंड सन्स कंपनी को संरक्षण देने पर भी सवाल उठ रहे हैं।
घटिया कामों से कैसे होगा विकास
खरसिया नगर पालिका में हमेशा ही गुणवत्ताहीन काम और मनमानी चरम पर रही है। नियम विरुद्ध कार्य करने के कई मामले सामने आ चुके हैं। इस पर प्रशासन का ध्यान नहीं है। विकास कार्यों के लिए मिली राशि का दुरुपयोग किया जा रहा है। तकनीकी रूप से नाला की दीवार में सरिया लगाने के लिए दूरी फिक्स है। इसका पालन नहीं किया गया।























