खरसिया। क्षेत्र के किसानों के लिए राहत भरी बड़ी खबर सामने आई है। विधायक उमेश पटेल के विशेष प्रयासों और किसानों के एकजुट संघर्ष के बाद आखिरकार नहरों में पानी छोड़ दिया गया है। आड़पथरा डैम से 28 फरवरी को पानी छोड़े जाने के साथ ही खरसिया क्षेत्र में गहराया सिंचाई संकट अब समाप्त होने लगा है, जिससे पामगढ़ सहित दर्जनों गांवों के खेतों को नई ऊर्जा मिली है।
फसलों पर मंडरा रहा था संकट
ज्ञात हो कि मार्च महीना शुरू होते ही खरसिया की भौगोलिक स्थिति को विधायक उमेश पटेल ने समय रहते भांप लिया था। गर्मी की आहट के साथ ही क्षेत्र में खड़ी फसलें पानी के अभाव में दम तोड़ने की कगार पर थीं। यदि समय पर नहरों में पानी नहीं आता, तो किसानों की महीनों की मेहनत बर्बाद हो जाती और उन्हें भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ता। इसी गंभीर स्थिति और किसानों के दर्द को समझते हुए विधायक ने प्रशासन पर पानी छोड़ने के लिए निरंतर दबाव बनाया।
सिर्फ फसल नहीं, भूजल भी होगा रिचार्ज
नहरों में पानी आने का लाभ केवल फसलों तक सीमित नहीं है। विधायक की इस पहल का एक बड़ा दूरगामी प्रभाव भूजल स्तर (Water Level) पर भी पड़ेगा। नहरों में पानी के प्रवाह से आसपास के क्षेत्रों का वाटर लेवल रिचार्ज होगा, जिससे गर्मी के दिनों में सूखने वाले हैंडपंप और कुओं में भी पानी का संचार होगा। इससे क्षेत्र में आने वाले भीषण पेयजल संकट और निस्तारी की समस्या में काफी कमी आएगी। नदी-नाले और डबरी जो सूखने की स्थिति में थे, अब इस पानी से फिर से लबालब हो सकेंगे।
कांग्रेस ने दिया था 7 दिनों का अल्टीमेटम
उल्लेखनीय है कि 23 फरवरी को विधायक के मार्गदर्शन में मदनपुर से तहसील कार्यालय तक एक विशाल पदयात्रा निकाली गई थी। इसमें करीब 250 किसान और कार्यकर्ता शामिल हुए, जिन्होंने तहसीलदार मोनल साय को ज्ञापन सौंपकर 7 दिनों के भीतर पानी छोड़ने की मांग की थी। कांग्रेस ने स्पष्ट चेतावनी दी थी कि यदि समय पर मांग पूरी नहीं हुई, तो विधानसभा स्तर पर उग्र आंदोलन किया जाएगा।
किसानों ने जताया विधायक का आभार
विधायक की दूरदर्शिता और प्रशासन की त्वरित कार्रवाई का ही परिणाम है कि तय समय सीमा से पहले खेतों तक पानी पहुंच गया। इस बड़ी सफलता पर ग्राम पंचायत पामगढ़ के सरपंच प्रतिनिधि लीलाधार राठिया और उपसरपंच प्रतिनिधि पूरन पटेल, सनत पटेल, मनोज पटेल, गोकुल पटेल, योगेंद्र पटेल हेमंत पटेल, लोचन पटेल, संतोष पटेल सहित क्षेत्र के सैकड़ों किसानों ने विधायक उमेश पटेल का हृदय से आभार जताया है। स्थानीय लोगों का मानना है कि इस पहल से न केवल फसलों को नया जीवन मिलेगा, बल्कि किसानों की आर्थिक चिंताएं भी दूर होंगी और क्षेत्र में खुशहाली आएगी।























