- मंत्रालय ने कोल ब्लॉक ऑक्शन की 15 वीं सूची की घोषित, 13 वें राउंड में बचे कुछ ब्लॉक्स पर दोबारा मंगवाई बोली
रायगढ़। कोयला मंत्रालय ने एक बार फिर से कोल ब्लॉक्स की नीलामी प्रक्रिया प्रारंभ की है। कोल माइंस स्पेशल प्रोविजन्स एक्ट के तहत 25 वें राउंड और एमएमडीआर एक्ट के तहत 15 वें राउंड का ऐलान किया गया है। कुल 17 ब्लॉक्स शामिल हैं जिनमें रायगढ़ जिले से टेरम और चैनपुर भी हैं।
11 नई खदानों को सामने रखा गया है और 13 वें राउंड में शेष रह गए 6 ब्लॉक्स पर दोबारा बोली मंगवाई गई है। कोयले की जरुरत को पूरा करने के लिए कोयला मंत्रालय सीधे प्राइवेट कंपनियों को आवंटन कर रही है। सार्वजनिक उपक्रमों से ज्यादा निजी कंपनियों को कोल ब्लॉक आवंटित किए गए हैं ताकि उनको कोयला खरीदना न पड़े।
कमर्शियल यूज के लिए भी कोयले का उपयोग करने की छूट दी जा रही है। अब तक सौ से ज्यादा कोल ब्लॉक्स का आवंटन किया जा चुका है। कोयला मंत्रालय ने शुक्रवार को 17 खदानों की सूची जारी की है। इसमें 11 खदानों को पहली बार ऑक्शन के लिए रखा गया है। सूची में छग से तारा, महाई ईस्ट, महाई वेस्ट, टेरम, सोंडिहा, चैनपुर, मप्र से मंडला साउथ, ब्रह्मपुरी, रावणवारा नॉर्थ, महाबाटोला 1, झारखंड से जबरदाहा साउथ, मणो ईस्ट, मणो वेस्ट, ओडिशा से ताकुआ, राधिकापुर ईस्ट और वेस्ट और तेलंगाना से दीपसाइड ऑफ पीकेओसी को शामिल किया गया है। रायगढ़ के दो कोल ब्लॉक टेरम और चैनपुर इसमें हैं।
धरमजयगढ़ और घरघोड़ा क्षेत्र प्रभावित
रायगढ़ जिले में पहले ही कई कोल ब्लॉक नीलामी के बाद औपचारिकताएं पूरी होने का इंतजार कर रहे हैं। अब घरघोड़ा तहसील के टेरम और धरमजयगढ़ के चैनपुर की नीलामी होगी। टेरम कोल ब्लॉक 9.95 वर्ग किमी क्षेत्र में फैला हुआ है। इस खदान से सालाना 8 मिलियन टन कोयला उत्पादन किया जा सकता है। इसी तरह धरमजयगढ़ तहसील का चैनपुर कोल ब्लॉक 15.80 वर्ग किमी क्षेत्रफल में फैला हुआ है। इसकी सीमाएं कोरबा जिले से लगती हैं। साथ ही लेमरू एलीफेंट रिजर्व से भी लगा हुआ है।























