- खरसिया के किसानों ने अपेक्स बैंक नोडल कार्यालय का किया घेराव, सामान्य लिमिट होने पर भी नहीं मिल रहा था लोन
रायगढ़, 6 अगस्त (केलो प्रवाह)। सहकारी समितियों में अल्पकालीन कृषि ऋण के लिए मारामारी मची हुई है। इसकी वजह घपलेबाज कर्मचारियों को मिल रहा संरक्षण है। जो लोन गबन करके किनारे हो गया, उसकी वजह से एकाउंट गड़बड़ा गया है। गुरुवार को खरसिया के तुरेकेला समिति के भागोडीह गांव के किसानों ने अपेक्स बैंक नोडल कार्यालय का घेराव कर दिया। किसानों को अस्थाई निराकरण का आश्वासन दिया गया है। सहकारी समितियों में लोन का गणित बेहद उलझा हुआ है। जितने किसान ऋण लेकर खेती करते हैं, उनसे वसूली भी हो जाती है, लेकिन पुराने ऋण की वसूली समिति नहीं करती।
कालातीत ऋण की वजह से बड़े किसान और छोटे किसानों अपेक्स बैंक मुख्यालय की लापरवाही से सहकारी समितियों का ताना-बाना बिगड़ गया है। किसानों को खेती के लिए लोन चाहिए लेकिन साख लिमिट ऋणात्मक होने की वजह से लोन देना संभव नहीं हो रहा है। जिले की 23 समितियों में यह परेशानी हो रही है। इन समितियों में अनियमितता की वजह से करोड़ों का बैलेंस मायनस में दिख रहा है। इस वजह से सामान्य साख सीमा में पूरी लिमिट देने के बावजूद मायनस ही प्रदर्शित हो रहा है। स्माल फार्मर और बिग फार्मर दोनों खातों में समायोजन नहीं किया गया। इस वजह से किसानों को मुश्किल हो रही है।
ऋणात्मक बैलेंस होने की वजह से तुरेकेला समिति में नकद लोन नहीं मिल पा रहा था। गुरुवार को खरसिया के भागोडीह गांव के किसानों ने अपेक्स बैंक के नोडल कार्यालय का घेराव कर दिया। उनका कहना था कि खेती के समय लोन नहीं मिलने से उनको परेशानी हो रही है। अपेक्स बैंक मुख्यालय को कई बार सूचित करने के बावजूद इस दिशा में कोई निर्णय नहीं लिया गया। उसी का परिणाम गुरुवार को घेराव के रूप में सामने आया। विशेष कत्र्तव्यस्थ अधिकारी एसपी सिंह ने इसका अस्थाई हल निकाला है, जिसके बाद किसान वापस गए। बताया जा रहा है कि इस घेराव के पीछे तुरेकेला समिति के एक पूर्व कर्मचारी का हाथ है।
क्यों नहीं हो रही कालातीत ऋण की वसूली
ऋण असंतुलन के पीछे सबसे बड़ा कारण लोन का गबन है। खरसिया की समितियों में बड़े पैमाने पर घपला हुआ है। सहकारिता विभाग जांच के आदेश तो देता है लेकिन प्रतिवेदन जमा नहीं किया जाता। समिति के कई सदस्यों के नाम पर करोड़ों का लोन बकाया है। किसानों ने लोन चुका दिया लेकिन समिति पदाधिकारियों ने एकाउंट में समायोजन नहीं किया। अब यह कालातीत ऋण के रूप में समिति के खातों को ऋणात्मक बना रहा है। अपेक्स बैंक खरसिया ब्रांच के पूर्व में पदस्थ दो मैनेजरों ने जमकर घपले किए हैं। मुख्यालय को गबन की जानकारी है लेकिन कार्रवाई नहीं हो रही है।























