क्रिकेट डेस्क। विश्व टेस्ट चैंपियनशिप विजेता न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान और महानतम बल्लेबाज केन विलियमसन ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के सभी प्रारूपों से तत्काल प्रभाव से संन्यास लेने की घोषणा कर दी है। विलियमसन ने अपने 16 साल लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर को विराम देने का यह फैसला पिछले कुछ दिनों के गहन आत्ममंथन के बाद लिया है, जिससे कीवी क्रिकेट के एक गौरवशाली युग का अंत हो गया है।
डब्ल्यूटीसी खिताब दिलाने वाले इकलौते कीवी कप्तान का विदाई संदेश
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, न्यूजीलैंड को अपनी कप्तानी में साल 2019-21 की पहली वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) ट्रॉफी जिताने वाले दिग्गज खिलाड़ी ने साफ किया कि अब विदा लेने का सही समय आ गया है। संन्यास की घोषणा करते हुए विलियमसन ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के प्रति उनके भीतर हमेशा गहरा जुनून रहा और उन्होंने देश के लिए खेले हर मुकाबले में अपना सर्वश्रेष्ठ देने का प्रयास किया। उन्होंने खुद को सौभाग्यशाली बताते हुए कहा कि उन्हें अपनी शर्तों पर इस ऐतिहासिक सफर को समाप्त करने का मौका मिला है। वह न्यूजीलैंड टीम के भविष्य को लेकर पूरी तरह आशावादी हैं, क्योंकि वर्तमान टीम में अपार प्रतिभा और कुछ विशेष हासिल करने की भूख मौजूद है।
वर्ष 2010 में भारत के खिलाफ शुरू हुआ था अंतरराष्ट्रीय सफर
इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार, केन विलियमसन के इस ऐतिहासिक सफर की शुरुआत अगस्त 2010 में हुई थी, जब उन्होंने श्रीलंका के दांबुला मैदान पर भारत के खिलाफ अपना पहला एकदिवसीय (ODI) मैच खेला था। इसके बाद नवंबर 2010 में उन्होंने भारत के खिलाफ ही अहमदाबाद में अपना टेस्ट डेब्यू किया और अक्टूबर 2011 में जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखा। देखते ही देखते वह अपनी तकनीकी कुशलता के दम पर न्यूजीलैंड क्रिकेट इतिहास के सबसे सफल बल्लेबाज बन गए।
न्यूजीलैंड के लिए सर्वाधिक रन बनाने का अटूट रिकॉर्ड
रिकॉर्ड्स के धनी विलियमसन ने अपने 16 वर्षीय करियर के दौरान कुल 378 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले, जिसकी 452 पारियों में उन्होंने 48.12 की शानदार औसत से कुल 19,346 रन बनाए। उनके बल्ले से इस दौरान 48 शतक और 103 अर्धशतक निकले, जिसमें उनका व्यक्तिगत सर्वोच्च स्कोर 251 रन रहा। इस विशाल स्कोर के साथ वह न्यूजीलैंड के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज के रूप में इतिहास में दर्ज हो गए हैं, जबकि इस सूची में दूसरे स्थान पर दिग्गज रॉस टेलर (18,199 रन) मौजूद हैं।
तीनों प्रारूपों में विलियमसन के प्रदर्शन का पूरा लेखा-जोखा
विलियमसन के प्रारूप-वार आंकड़ों के आधिकारिक विवरण के अनुसार, उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में अपनी गहरी छाप छोड़ी, जहां 110 मैचों की 195 पारियों में 54.06 की बेहतरीन औसत से 9,515 रन दर्ज हैं, जिसमें 33 शतक और 38 अर्धशतक शामिल हैं। एकदिवसीय मैचों में उन्होंने 175 मुकाबलों की 167 पारियों में 48.69 की औसत से 7,256 रन बनाए, जिसमें 15 शतक और 47 अर्धशतक शामिल हैं और उनका उच्चतम स्कोर 148 रन रहा। वहीं, सबसे छोटे प्रारूप टी20 अंतरराष्ट्रीय में उन्होंने 93 मैचों की 90 पारियों में 123.08 की स्ट्राइक रेट और 33.44 की औसत से 2,575 रन बनाए, जिसमें 18 अर्धशतक शामिल हैं। केन विलियमसन ने स्पष्ट किया है कि यह टीम हमेशा उनके दिल के बेहद करीब रहेगी और वह इतने लंबे समय तक इसका हिस्सा रहने के लिए खुद को गौरवान्वित महसूस करते हैं।





















