छोड़कर सामग्री पर जाएँ

पुसौर नगर पंचायत में उप अभियंता की मनमानी: ठेकेदार की लाइसेंस अवधि समाप्त होने के बाद दिया 50 लाख का काम

IMG 20241015 WA0018

रायगढ़ के एक ठेकेदार को सात टेंडर एबव रेट में दिए, एक ही दिन हुए वर्क ऑर्डर

रायगढ़। पुसौर नगर पंचायत में एक बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। उप अभियंता ने ऐसे ठेकेदार को 52 लाख का काम दे दिया जिसकी लाइसेंस अवधि समाप्त हो चुकी थी। प्रेसीडेंट इन काउंसिल की बैठक में भी इस पर आपत्ति जताई गई और सब इंजीनियर दुर्गेश मालाकार को सस्पेंड करने की अनुशंसा की गई है। निकायों में टेंडर हासिल करने के लिए सांठगांठ जगजाहिर है। अब तो यह भ्रष्टाचार टॉलरेंस लिमिट से आगे बढ़ गया है। पुसौर नगर पंचायत में ऐसा एक मामला सामने आया है। सब इंजीनियर दुर्गेश मालाकार ने रायगढ़ के ठेकेदार आरएस ट्रेडर्स को सात कामों का ठेका दे दिया। जिस तारीख पर वर्क ऑर्डर जारी हुआ है, तब तक ठेकेदार के फर्म की पंजीयन अवधि खत्म हो चुकी थी। आरएस ट्रेडर्स का वर्ग-डी पंजीयन पीडब्ल्यूडी विभाग में 8 अगस्त 2019 को किया गया था। पांच साल के लिए फर्म को अधिकतम एक करोड़ तक के काम करने की पात्रता थी। लाइसेंस की अवधि 7 अगस्त 2024 तक थी।

पुसौर नपं के उप अभियंता दुर्गेश मालाकार ने आरएस ट्रेडर्स को 16 दिसंबर 2024 को एक साथ सात वर्क ऑर्डर जारी किए। सभी काम पीडब्ल्यूडी एसओआर रेट से एबव रेट में स्वीकृत किए गए। वार्ड 3 में मुक्तिधाम का अहाता निर्माण 17.27 लाख, वार्ड 3 में मेन रोड से सोढ़ापाठ मंदिर तक सीसी रोड निर्माण 7.65 लाख, वार्ड 7 में सामुदायिक भवन में अतिरिक्त कमरा निर्माण 6.39 लाख, वार्ड 8 में जितेंद्र घर से मुड़ीतल तक सीसी रोड निर्माण 5.91 लाख, वार्ड 8 राजू पटेल घर से ओमप्रकाश घर तक सीसी रोड 2.55 लाख, वार्ड 5 बाजार चौक फिल्टर प्लांट में आरसीसी टंकी निर्माण 3.64 लाख और वार्ड 15 कार्यालय परिसर में अतिरिक्त कक्ष निर्माण कार्य 6.87 लाख रुपए कुल 52 लाख रुपए का ठेका आरएस ट्रेडर्स को 16 दिसंबर 2024 को दिए गए, तब पंजीयन लाइसेंस की वैधता समाप्त हो चुकी थी।

चहेते को ठेका देने के लिए तोड़े नियम

इसका खुलासा हुआ तो प्रेसीडेंट इन काउंसिल की बैठक दिनांक 12 नवंबर 2025 को विषय पर चर्चा की गई। दस्तावेजों की जांच में पाया गया कि सब इंजीनियर ने चहेते ठेकेदार को लाभ पहुंचाने के लिए ऐसा किया गया जबकि कई दूसरे पात्र ठेकेदारों ने निविदा डाली थी। जिसे प्रक्रिया में अपात्र होना था, उसी को काम दे दिया गया। काउंसिल ने बैठक में दुर्गेश मालाकार द्वारा किए गए भ्रष्टाचार पर निलंबन की अनुशंसा संचालक नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग से की है।

और भी कई गंभीर आरोप

सूत्रों के मुताबिक सभी शासकीय दफ्तरों में एकसाथ वंदे मातरम गायन के समय भी वे नदारद थे। नोटिस देने पर लेने से इंकार कर दिया गया। फिल्टर प्लांट के पास बने शॉपिंग कॉम्पलेक्स में प्राक्कलन के अनुसार निर्माण नहीं कराया गया। स्टील रेलिंग लगवाए बिना ही ठेकेदार को अवैध लाभ पहुंचाने की नीयत से 2.72 लाख का भुगतान किया गया है। मुक्तिधाम बाउंड्रीवॉल निर्माण में बिना प्लास्टर किए ही पूरा पेमेंट कर दिया गया। मुक्तिधाम में अतिरिक्त कक्ष निर्माण करने के बजाय शवदाह गृह को ही रेनोवेशन कर अतिरिक्त कक्ष दिखाया गया। ठेकेदार को ढाई लाख का भुगतान कर दिया गया। कॉलेज परिसर में शेड निर्माण में टाइल्स लगाया है लेकिन पेमेंट पेव्हर ब्लॉक का किया गया है।

इस खबर को शेयर करें:

8690517c9326392a68531b5faf7668b00e00b86685972a50e34c21832c7c1c6c?s=90&d=mm&r=g

Editorial

News Room

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ से 1988 से निरंतर प्रकाशित दैनिक समाचार पत्र 'केलो प्रवाह' का यह Official Digital News Room है। हमारी संपादकीय टीम देश और छत्तीसगढ़ की प्रमुख खबरों, सीएम की गतिविधियों और शासन की जनहितैषी योजनाओं को प्रमुखता से साझा करती है। किसानों के हित में समर्पित हमारी टीम, 'जल, जंगल और जमीन' से जुड़े संवेदनशील मुद्दों और विभिन्न विभागों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने वाली रिपोर्टिंग के साथ ही सुदूर अंचलों की ज़मीनी हकीकत को सामने लाती है। जनहित से जुड़ी गतिविधियों, खनिज और औद्योगिक क्षेत्रों की 'Exclusive' खबरों को Evidence के साथ प्रमाणिकता से प्रकाशित करना हमारी प्राथमिकता है। राजनीति, प्रशासन, अपराध, स्पोर्ट्स, रोज़गार, खेती-किसानी और धार्मिक विषयों सहित हर क्षेत्र की खबरों को पूरी शुचिता के साथ प्रस्तुत करना ही हमारा संकल्प है।

Share: