रायगढ़। नगर निगम द्वारा आवारा कुत्तों की नसबंदी करवाये जाने पर शुक्रवार को उस वक्त नया विवाद खड़ा हो गया था, जब डॉग लवर व एनिमल एनजीओ के प्रतिनिधि मंडल ने नगर निगम पहुंच कर बधियाकरण करने में अनियमितता बरते जाने का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की तथा निगम आयुक्त को ज्ञापन सौंपते हुए विस्तार से अपनी बात रखी। निगम आयुक्त ने उनके द्वारा दिये गये सुझावों पर अमल करने व पारदर्शिता बनाये रखने के लिए एनजीओ के माध्यम से निगरानी व्यवस्था एवं समन्वय समिति का गठन करने के लिए आश्वस्त किया, जिसके बाद सभी संतुष्ट नजर आये। शहर मेें आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या पर नियंत्रण करने नगर निगम द्वारा भिलाई के एक एनजीओ के माध्यम से कुत्तों की नसबंदी कराई जा रही है। दो दिन पहले आवारा कुत्तों को पौष्टिक भोजन के रूप में बिरयानी परोसे जाने के मामले को लेकर बखेड़ा खड़े हुआ था, वह अभी पूरी तरह शांत भी नहीं हो सका है कि शुक्रवार को आवारा कुत्तों की नसबंदी को लेकर एक नया विवाद शुरू हो गया था।





शहर के डॉग लवर व एनिमल एनजीओ के प्रतिनिधिमंडल नसबंदी में अनियमितता बरते जाने का आरोप लगाते हुए पोसटर लेकर नगर निगम पहुंचा। वहीं निगम प्रशासन के विरूद्ध नारेबाजी करते हुए उनके द्वारा आयुक्त ब्रजेश क्षत्रिय को ज्ञापन सौंपा गया। दिये गये ज्ञापन में कहा गया कि पूर्व में दिये गये टेंडर में 67 स्ट्रीट डॉग की नसबंदी में गंभीर लापरवाही सामने आई थी, जिसके बाद नसबंदी को रूकवाया गया था और कहा गया था कि भविष्य में नसबंदी प्रक्रिया में सभी एनजीओ को शामिल किया जावेगा, लेकिन हाल ही में बिना किसी को सूचना दिये फिर से नसबंदी शिविर प्रारंभ कर दिया गया। शिविर का निरीक्षण रोके जाने पर पशु प्रेमियों में नाराजगी है। पशु प्रेमियों से चर्चा करते हुए निगम आयुक्त ब्रजेश क्षत्रिय ने उन्हें आश्वासन देते हुए हुए कहा कि उनके द्वारा उठाये गये हर मुद्दे पर गंभीरता से विचार कर उचित कार्रवाई की जाएगी।





कमिश्नर श्री क्षत्रिय ने कहा कि नसबंदी कैंप मेें योग्य डॉक्टरों द्वारा ही पूरी प्रक्रिया को अंजाम दिया जा रहा है तथा स्वच्छता, दवा और भोजन के साथ ही पशुओं की देखभाल में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही उन्होंने कहा कि पारदर्शिता बनाये रखने के लिए एनजीओ के सहयोग से निगरानी व्यवस्था और समन्वय समिति बनाने की कार्रवाई भी की जावेगी। आयुक्त के इस आश्वासन पर सभी पशु प्रेमी संतुष्ट नजर आये और उम्मीद जताई कि नगर निगम और एनजीओ मिलकर स्ट्रीट डॉग के हित में मानवीय और जिम्मेदार व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे।
















