रायपुर। शिक्षा के अधिकार के तहत प्राइवेट स्कूलों में एडमिशन को लेकर स्कूल शिक्षा विभाग ने बड़ा बदलाव कर दिया है। जारी आदेश पर नजर डालें तो अब प्राइवेट स्कूलों में आरटीई के तहत क्लास वन से ही प्रवेश होगा। स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा डीपीआई संचालक, लोक शिक्षण संचालनालय को जारी आदेश में लिखा है कि निःशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 की धारा 12, के खण्ड (1) के उपखण्ड (ग) के प्रावधान अनुसार राज्य में निजी विद्यालयों द्वारा केवल कक्षा पहली में प्रवेश दिए जाने के लिए प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान किया जाना प्रस्तावित किया गया है। उपरोक्त प्रस्ताव पर स्वीकृति प्रदान की जाती है।
स्कूल शिक्षा विभाग के उप सचिव नीलम टोप्पो ने आरटीई के तहत प्राईवेट स्कूलों में अब प्रवेश कुछ इस तरह की शर्तों पर होगा। नियमों में बदलाव के पीछे आरटीई के तहत प्रवेश को लेकर हो रही गड़बड़ी और फर्जीवाड़े पर अंकुश लगाना माना जा रहा है। शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत प्रवेश को लेकर बड़े पैमाने पर शिकायतें राज्य सरकार को लगातार मिल रही है। उत्तर छत्तीसगढ़ में एक और दो कमरों में दूरस्थ ग्रामीण इलाकों में स्कूलों का संचालन किया जा रहा है। इन स्कूलों में आरटीई के तहत दस्तावेजों में बच्चों का प्रवेश दिखाकर सरकारी खजाने को चूना लगाने का काम किया जा रहा है।


























