कृषि डेस्क: अगर आप खेती से अच्छी आमदनी करना चाहते हैं तो जुलाई-अगस्त का महीना नींबू की खेती शुरू करने के लिए सबसे उपयुक्त समय माना जाता है। अगर किसान इस समय फारसी किस्म (Persian Lime) या ताहिती नींबू (Tahiti Lime) लगाएं, तो वे 1 एकड़ में ₹6 लाख तक की कमाई कर सकते हैं। यह किस्म न केवल जल्दी तैयार होती है, बल्कि 20 से 25 वर्षों तक फल भी देती है। यह किस्म बीजरहित होती है, मध्यम आकार के नींबू होते हैं जिनका छिलका चिकना और पीला-हरा रंग का होता है। स्वाद में ये नींबू खट्टे और अत्यंत रसीले होते हैं। देश के कई हिस्सों में इसकी मांग तेज़ी से बढ़ रही है।
खेती का तरीका:
- रोपण का समय: जुलाई से अगस्त
- मिट्टी: दोमट और जल निकासी वाली मिट्टी
- पौधों की दूरी: पौधे-पौधे के बीच 8 फीट, पंक्ति-पंक्ति के बीच 12 फीट
- पौधों की संख्या प्रति एकड़: करीब 400
- सिंचाई: ड्रिप सिस्टम लगाएं
- खरपतवार नियंत्रण: मल्चिंग का उपयोग करें
- खाद: गोबर की खाद और जीवामृत प्रयोग करें
लागत और आमदनी का गणित:
- कुल खर्च: लगभग ₹2 लाख (ड्रिप, मल्चिंग और खाद सहित)
- प्रत्येक पौधे से उत्पादन: 72–100 किलो नींबू
- बाजार मूल्य: ₹20–25 प्रति किलो
- कुल आमदनी: लगभग ₹6 लाख या अधिक
एक बार पौधे लगने के बाद यह फसल अगले 20–25 वर्षों तक फल देती है, जिससे हर साल स्थिर आमदनी होती है।
कर्नाटक निवासी रामकृष्ण नामक किसान ने फारसी नींबू की खेती को अपनाया है। वे 40 एकड़ में इस किस्म की खेती कर रहे हैं और जैविक खाद तथा ड्रिप सिस्टम का इस्तेमाल कर लाखों रुपये कमा रहे हैं। उनका कहना है कि यह फसल कम खर्च में ज्यादा मुनाफा देती है।
क्यों करें नींबू की यह खेती?
- सालभर बाजार में मांग
- सूखा सहन करने वाली फसल
- लंबे समय तक उत्पादन
- जैविक खेती से लागत में कमी
बहरहाल फारसी नींबू की खेती किसानों के लिए आय का बड़ा जरिया बन सकती है। अगर आप भी खेती में कुछ नया और लाभदायक करना चाहते हैं, तो इस किस्म को अपनाकर आप कम लागत में अधिक मुनाफा कमा सकते हैं।























