छोड़कर सामग्री पर जाएँ

Cold Wave Alert : छत्तीसगढ़ में ठंड ने पकड़ी रफ्तार, अगले दो दिन में तापमान गिरेगा 3 डिग्री तक, शीतलहर का अलर्ट जारी

Collage 2024 12 11 17 48 202 265837 RESIZE 1915 63278 SP 677

रायपुर। प्रदेश में ठंडी हवाओं के सक्रिय हो जाने के बीच मौसम विभाग ने अगले दो दिन में खासकर उत्तरी एवं पूर्वी हिस्सों में तीव्र तापमान गिरावट का संकेत दिया है। पिछले 24 घंटों में राजधानी तथा अन्य हिस्सों में न्यूनतम तापमान में लगभग दो से तीन डिग्री Celsius की कमी दर्ज की गई है। इस गिरावट को देखते हुए शीतलहर के बढ़ते खतरे का अंदेशा जताया जा रहा है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, उत्तर‑पूर्वी दिशा से आने वाली शुष्क व ठंडी हवाओं ने तापमान में गिरावट को गति दी है। राजधानी मंगलवार को न्यूनतम तापमान 18 डिग्री रहने के करीब था, जबकि उत्तरी इलाकों में यह 11 डिग्री तक पहुंच गया है। इस तरह का तापमान इस समय इस हिस्से के लिए असामान्य माना जा रहा है। तापमान में गिरावट ने रात और सुबह के समय शीतल प्रभाव को और बढ़ा दिया है।

जिस प्रकार से मौसम विभाग का पूर्वानुमान है, उसके मुताबिक राजधानी में बुधवार को अधिकतम तापमान लगभग 30 डिग्री Celsius के आसपास रहने का अनुमान है, जबकि न्यूनतम तापमान 17 डिग्री तक फिसल सकता है – इस स्थिति में दिन‑रात के तापमान में काफी अंतर देखने को मिल सकता है। मौसम की साफ‑सफाई और नमी की कमी ने भी ठंड के असर को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई है। उत्तरी सीमा के जिलों में अगले दिन‑दो में 3 डिग्री तक तापमान गिरने की संभावना जताई जा रही है। इस कारण शीतलहर‑प्रवृत्ति की चेतावनी जारी की गई है। विगत वर्षों में भी केंद्रीय मौसम विज्ञान विभाग की रिपोर्ट में यह पाया गया है कि मध्य भारत के मैदानी हिस्सों में −2 से −3 डिग्री की गिरावट से शीतलहर‑जैसी स्थिति बन सकती है।

मौसम विशेषज्ञ बताते हैं कि ऐसी स्थिति में लोग विशेष रूप से सुबह‑शाम के समय अतिरिक्त सावधानी रखें। छोटे बच्चों, बुज़ुर्गों और उन लोगों कि जिन्हें पूर्व से स्वास्थ्य समस्या है, उन्हें बेहतर होगा कि वे गुनगुने कपड़े पहनें तथा रात में खुली हवा में लंबा समय न बिताएं। खेत‑बाड़ी व पशुपालन से जुड़े लोगों को भी संभावित ठंड के असर को ध्यान में रखते हुए तैयारी करनी होगी। प्रदेश में इस गिरावट के कारण सामाजिक व आर्थिक गतिविधियों पर भी असर पड़ सकता है। दिन के समय तापमान सामान्य बना रह सकता है, लेकिन सुबह‑शाम में बढ़ी ठंड लोगों की चल‑फिर तथा दैनिक दिनचर्या में असुविधा ला सकती है। इसीलिए सलाह दी गई है कि आवश्यकतानुसार ताप नियंत्रित वातावरण सुनिश्चित किया जाए तथा ठंड से बचाव के तरीकों को अपनाया जाए।

किसानों को सलाह दी गई है कि वे नमी में कमी के कारण खेत‑बाड़ी और पशुपालन में आने वाली चुनौतियों पर ध्यान दें। ठंडी और शुष्क हवाओं से फसलों और पशुओं दोनों पर असर पड़ने की संभावना है। सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग ने भी यह संकेत दिया है कि इस दौरान हल्के जुकाम, खाँसी व अन्य सांस संबंधी शिकायतें बढ़ सकती हैं।

बहरहाल छत्तीसगढ़ इस समय शीतलहर‑प्रवृत्ति के शुरुआती लक्षणों का सामना कर रहा है। अगले दो‑तीन दिन बेहद महत्वपूर्ण रहने वाले हैं जब तापमान में गिरावट चरम पर पहुँच सकती है। इस दौरान समय रहते सावधानी बरतना ही इस स्थिति का सामना करने का सुरक्षित तरीका होगा।

इस खबर को शेयर करें:

e9073382a8eba25524e580ff55b8f56ea0340bb7ac24cfbd0a28106f19b38d44?s=90&d=mm&r=g

विकास पाण्डेय

न्यूज एडिटर

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिला मुख्यालय से वर्ष 1988 से निरंतर प्रकाशित हो रहे प्रतिष्ठित दैनिक समाचार पत्र 'केलो प्रवाह' के 'Digital Wing' में News Editor की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। Finance (NBFC) क्षेत्र के 15 वर्षों के अनुभव के बाद इन्होंने 'RIG24 Media Network' से Journalism की शुरुआत की और कार्य के दौरान ही 'BJMC' की Professional Degree प्राप्त की। ​विकास अक्टूबर 2021 से 'केलो प्रवाह' के Web News Portal और Social Media Platforms का संचालन एवं संपादन कर रहे हैं। ये विशेष रूप से क्षेत्रीय घटनाक्रम, Exclusive रिपोर्ट्स, सीएम की गतिविधियों और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के साथ-साथ Agriculture, Politics, Finance, Infrastructure, Development, Employment, Sports, Career, Current Affairs, सामाजिक, देश-प्रदेश और शासन-प्रशासन से संबंधित कई विषयों पर निरंतर लेखन कर रहे हैं, जो पाठकों की जरूरत के अनुसार उपयोगी हों।

Share: