Skip to content
Home | रायगढ़ एनर्जी के खिलाफ बेमियादी हड़ताल पर बैठे लोग आज करेंगे आर्थिक नाकेबंदी, प्रदर्शनकारियों को कांग्रेस का समर्थन, कंपनी प्रबंधन को नहीं मना सके सीएसपी और नायब तहसीलदार

रायगढ़ एनर्जी के खिलाफ बेमियादी हड़ताल पर बैठे लोग आज करेंगे आर्थिक नाकेबंदी, प्रदर्शनकारियों को कांग्रेस का समर्थन, कंपनी प्रबंधन को नहीं मना सके सीएसपी और नायब तहसीलदार

रायगढ़। स्थायी नौकरी की मांग को लेकर रायगढ़ एनर्जी के खिलाफ 4 रोज से बेमियादी हड़ताल पर बैठे लोगों को आज कांग्रेस का समर्थन देते हुए जिला पंचायत सदस्य आकाश मिश्रा ने कंपनी पर जमकर भड़ास निकाली। वहीं, सीएसपी अभिनव उपाध्याय और नायब तहसीलदार तृप्ति चंद्राकर ने प्रदर्शनकारियों को मनाते हुए कंपनी से भी चर्चा की, मगर प्रबंधन ने उच्चस्तरीय वार्ता का हवाला देते हुए पल्ला झाड़ लिया। ऐसे में प्रदर्शनकारी अब शक्रवार सुबह से आर्थिक नाकेबंदी करेंगे।

पुसौर विकासखण्ड के 3 ग्राम पंचायतों में बड़े भंडार, छोटे भंडार और बरपाली के युवाओं ने रायगढ़ एनर्जी जनरेशन लिमिटेड कंपनी में स्थायी रोजगार सहित 9 मांगों को लेकर आंदोलन का शंखनाद कर दिया है। विगत 6 फरवरी से रायगढ़ एनर्जी के गेट के सामने दरी बिछाकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे लोगों की मांगों को जायज बताते हुए बुनगा के युवा कांग्रेस नेता और जिला पंचायत सदस्य आकाश मिश्रा अपने साथियों को लेकर धरना स्थल पहुंचे और अपना समर्थन दिया। आकाश ने प्रदर्शनकारियों को कांग्रेस का खुला समर्थन देते हुए कंपनी प्रबंधन की वादाखिलाफी की मुखालफत भी की। पुसौर के तहसीलदार एनके सिन्हा भी थाना प्रभारी नारायण सिंह मरकाम के साथ धरना स्थल गए, मगर युवाओं को अनुभवहीन कहने पर प्रदर्शनकारियों से विवाद होने पर उनको बैरंग लौटना पड़ा।

तदुपरांत, नगर पुलिस अधीक्षक अभिनव उपाध्याय, नायब तहसीलदार तृप्ति चंद्राकर को लेकर बड़े भंडार गए और अनिश्चितकालीन हड़ताल का रुख अख्तियार करने वाले युवकों से बातचीत की तो वे कंपनी द्वारा स्थायी रोजगार का लिखित में आश्वासन मिलते ही आंदोलन खत्म करने के लिए तैयार हो गए। ऐसे में सीएसपी ने रायगढ़ एनर्जी प्रबंधन को भी समझाते हुए पक्ष जानने के लिए सम्पर्क किया तो उन्होंने यह कहते हुए अपना हाथ खींच लिया कि वे उच्च स्तरीय बातचीत करेंगे। फिर, निर्णय को अवगत कराएंगे। यही वजह रही कि जिला और पुलिस प्रशासन की कोशिशों के बाद भी जब शाम तक कंपनी प्रबंधन नहीं माना तो प्रदर्शनकारियों को 10 फरवरी की सुबह 9 बजे से रायगढ़ एनर्जी गेट के सामने आर्थिक नाकेबंदी करने का ऐलान करना पड़ा।

error: Don\'t copy without permission.This is a violation of copyright.